Angamardana - फिटनेस पाने का एक शक्तिशाली तरीका

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Angamardana - फिटनेस पाने का एक शक्तिशाली तरीका

‘अंगमर्दन’ शब्द का अर्थ होता है अपने हाथ-पैरों या फिर शरीर के अंगों पर नियंत्रण रखना। अंगमर्दन, मानव तंत्र को तैयार करने का बहुत अच्छा माध्यम होता है। यह फिटनेस पाने के लिए सबसे आसान और सबसे शक्तिशाली तरीकों में से एक है।

अंगमर्दन, आपके शरीर को सशक्त बनाने, शारीरिक व मानसिक स्वास्थ्य को चरम तक पहुँचाने का अवसर प्रदान करता है अर्थात इसका मुख्य उद्देश्य संपूर्ण शरीर और शरीर के समस्त अंगों पर स्वामित्व प्राप्त करना होता है।

इसका अभ्यास करने से शरीर की मांसपेशियों, रक्त परिसंचरण, कंकाल संरचना, तंत्रिका तंत्र और मूल ऊर्जा प्रणाली को पुनर्जन्म मिलता है।

अंगमर्दन को करने के लिए किसी भी फिटनेस उपकरण की जरूरत नहीं होती है। यह एक गहन अभ्यास होता है जिसमें केवल शरीर और एक समतल फर्श की आवश्यकता होती है। इसे आप कहीं भी कर सकते हैं जैसे-यात्रा के दौरान भी। जानते है Angamardana के बारे में विस्तार से।

Angamardana: शरीर के समस्त अंगों पर स्वामित्व प्राप्त करने में मदद करे

Angamardana in Hindi

अंगमर्दन का अभ्यास क्या होता है?

  • अंगमर्दन के अभ्यास के लिए आपके शरीर को अधिक लचीला होना बहुत ही ज़रुरी होता है नहीं तो इसे करने से आपको हानि भी पहुंच सकती है।
  • अंगमर्दन मांसपेशियों को मजबूत बनाने से अधिक, अस्थि बंध और नसों को मजबूत बनाने का कार्य करता है। क्योंकि इस क्रिया में भार को नहीं उठाया जाता है । भार उठाने से मांसपेशियाँ मजबूत बनती है।
  • अंगमर्दन को करने पर अस्थि पंजर और मांसपेशियों को एक साथ रखने वाले ‘बैंड’ पर सबसे ज्यादा खिचाव होता है। क्योंकि इस क्रिया में अस्थि बंध और नसों पर बोझ पड़ता है।

अंगमर्दन के लिए अस्थि बंध की मजबूती है जरूरी

  • अस्थि बंध सम्पूर्ण अस्थि पंजर को एक साथ जोड़े रखने का कार्य करता है।
  • यदि यह टूट जाए तो उसे दोबारा ठीक होने में बहुत कठिनाई होती है।
  • उसके लिए कठिन अभ्यास करना पड़ता है। क्योंकि इसे मजबूत बनाने में समय लगता है। जिसके लिए कम से कम तीस महीनों तक नियमित अभ्यास करना होता है।
  • और इसके उपरांत अंगमर्दन के अगले चरण के अभ्यासों के लिए कुछ ही लोगों का शरीर तैयार हो पाता है।

अंगमर्दन को करने के फायदे:-

  1. अंगमर्दन, अस्थि बंध को मजबूत बनाता है।
  2. मोटापे को कम करने के लिए भी यह फ़ायदेमंद होता है।
  3. इसका अभ्यास हठ योग के लिए शरीर को तैयार करने में मदद करता है।
  4. यह फिजिकल स्ट्रेंथ, फिटनेस और दृढ़ता का निर्माण करने में सहायक होता है।
  5. इसमें वर्षो का समय लगता है परन्तु यह जीवन में रौशनी और फ्रीडम की भावना लाता है।
  6. अंगमर्दन का नियमित अभ्यास रीढ़, कंकाल प्रणाली और पेशी प्रणाली को मजबूत बनाता है।

अंगमर्दन की अन्य जानकारी

  • अंगमर्दन करने से मजबूती तो आती है पर यह मज़बूती अस्थि बंध की होती है।
  • यदि अस्थि बंध मजबूत हो जाती है तो यह आपको सम्पूर्ण जीवन सही जगह पर रखेंगे।
  • अंगमर्दन के अभ्यास को अधिक तीव्र बनाने के लिए इसका अभ्यास 2 बार तक कर सकते है।