नींद ना आना (अनिद्रा की समस्या) में इस तरह करें ध्यान का अभ्यास

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नींद ना आना (अनिद्रा की समस्या) में इस तरह करें ध्यान का अभ्यास

अधिकतर लोग जानते है की नींद हमारे दैनिक क्रिया का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है। नींद हमारे फिज़िकल और मेन्टल हेल्थ के लिए बहुत जरुरी होती है। अक्सर कुछ लोगो की नींद बीच रात में ही खुल जाती है फिर उसके बाद लाख प्रयत्न कर ले पर नींद नहीं आती।

नींद पूरी न होने से अगले दिन हमारा सर भारी हो जाता है और दिन भर सुस्ती बनी रहती है। और तो और हम कोई काम ढंग से नहीं कर पाते है।

कई लोगो को इसके चलते तनाव महसूस होता है और वे चिड़चिड़े हो जाते है। इससे उनकी सेहत पर बुरा असर पड़ता है। डॉक्टर के अनुसार हर व्यक्ति को 6 से 8 घंटे की नींद लेनी चाहिए।

यदि आपको नींद न आने की समस्या याने की अनिद्रा है तो आप इसे मेडिटेशन के जरिये दूर कर सकती है। इसलिए आज हम आपको बता रहे है की मेडिटेशन नींद लाने के लिए कितना महत्वपूर्ण है| मेडिटेशन के कई प्रकार है जो नींद लाने में सहायक है।  आइये विस्तार से जानते है Meditation for Sleep.

Meditation for Sleep - ध्यान जो सोने में मदद करे

Meditation for Sleep

मेथड 1 - सोने के लिए गाइडेड मेडिटेशन

गाइडेड मेडिटेशन

  • इसमें आप एक ऑडियो सुनते है जिसमे एक व्यक्ति आपको मेडिटेशन के इंस्ट्रक्शन देता है।
  • यह उन लोगो के लिए बहुत ही लाभदायक होता है जिन्होंने इसे पहले कभी नहीं किया है। और जो नहीं जानते की मेडिटेशन कैसे शुरू करे।

गाइडेड मेडिटेशन ट्रैक फॉर स्लीपिंग

  • आप मार्किट से इसकी सीडी खरीद सकते है या फिर इंटरनेट से भी इसे डाउनलोड कर सकते है|
  • सीडी खरीदते समय उनके अच्छे रिव्यु और कमेंट्स एक बार जरूर पढ़ ले|
  • और यदि आप इसे किसी साईट से फ्री में डाउनलोड करते है तो एक बार सोने जाने से पहले उसे चेक करले, की कही उसमे मेडिटेशन के अलावा कुछ और तो नहीं है जैसे की कई साईट पर लास्ट में ऐड होती है|

अपने ऑडियो सेटअप को तैयार करे

  • जब आप सोने के लिए तैयार हो तो डिवाइस को अपने बिस्तर के पास सेट कर ले और उसके वॉल्यूम को भी चेक कर ले।
  • ध्यान रहे की आप डिवाइस को डिवाइस स्लीप मोड़ या पावर सेवर पर सेट कर ले। ताकि ऑडियो ख़तम होने के बाद यह अपने आप ही बंद हो जाये।
  • इसके लिए हैडफ़ोन का इस्तेमाल करने की सलाह नहीं दी जाती है। क्यूंकि मैडिटेशन सुनते समय ही आपको नींद आने लगती है और आप इसके ख़तम होने से पहले ही सो जाते है। इससे हैडफ़ोन आपके सोने में व्याधा उत्पन्न कर सकता है।

अब रिकॉर्डिंग सुनने के लिए तैयार हो जाये

  • आप जिस रूम में सोने वाले है वहां अंधेरा कर लीजिये, कम्फर्टेबल कपडे पहन लीजिये ताकि नींद अच्छे से आ सके|
  • शांति के साथ ऑडियो सुने।
  • और यदि पहली बार में सुनने पर आपको नींद नहीं आ रही है, तो लम्बी सांसे ले और दुबारा से सुनने की कोशिश करे।

मेथड 2 - प्रोग्रेसिव मसल रिलैक्सेशन तकनीक

प्रोग्रेसिव मसल रिलैक्सेशन को समझे

  • Progressive Muscle Relaxation एक प्रकार की तकनीक है जिसमे आपकी दो अलग अलग मसल्स (तनाव और रिलैक्स वाली ) पर काम करता है।
  • साधारण रूप से इसे दिन और रात दोनों में कर सकते है।
  • लेकिन इसका सबसे ज्यादा फायदा रात में होता है| इसे करने के लिए 10 से 15 मिनट लगते है|
कम्फर्टेबल हो जाये: इसे करने के लिए आराम दायक कपडे पहने , रूम में अंधेरा कर ले, अपने तकिये को अच्छे से लगा ले जो आपको कम्फर्टेबल लगे|

आंखे बंद करे और रिलैक्स हो जाये: थोड़ी लम्बी सांसे लीजिये, और दिमाग को शांत रखिये। आपकी बॉडी पर फोकस शुरू करे और खुद को कहे की सब ठीक है।

अपनी माश्पेसियो से तनाव दूर करे: यह क्रिया सर से स्टार्ट होती है और फिर धीरे धीरे क्रम के अनुसार नीचे आती है। अपनी मसल्स पर प्रेशर डाले जब तक आप तनाव महसूस करते है| इतना भी ना करे की आपको दर्द होने लग जाये|

इसके 5 सेकंड के बाद रिलैक्स मसल्स काम करना स्टार्ट कर देती है। फिर रिलैक्सेशन के 10 सेकंड बाद यह दूसरी ग्रुप पर जाती है, और यह क्रम चलता है, जानिए इसके क्रम:-

  1. माथा: आश्चर्य जनक मुद्रा में अपनी भोहों को ऊपर उठाये।
  2. आंख और नाक: कस कर आंखे बंद कर ले।
  3. मुँह, गाल और जबड़ा: अपने मुँह को इस प्रकार खोले की जैसे आप उबासी ले रहे हो। इससे भी रिलैक्स होगा।
  4. हाँथ: मुठी को कस कर बंद कर ले और फिर खोल दे।
  5. कलाई  और  फोरआर्म्स: अपने हांथो को इस तरह ऊपर उठाये जैसे की आप कोई दिवार को पुष कर रहे हो।
  6. अपर आर्म्स: अपने बाइसेप्स को मोड़े|
  7. कंधे: अपने कंधो को कान की तरफ उठाये|
  8. पीठ: पीठ को वृताकार में मोड़ने का प्रयन्त करें।
  9. पेट: पेट की मसल्स को जितना हो सके मोड़े|
  10. हिप्स और ग्लटस: ग्लटस को मोडे|
  11. थाई: घुटने के ऊपर थाई को खींचे।
  12. एड़िया: पैर को मोड़े, जितना हो सके पैर की उँगलियों को ऊपर उठाये।
  13. पैर की उंगलियां: जितना हो सके अपनी पैर की उँगलियों को घुमा कर मोडे|
यही किसी मसल्स में अभी भी तनाव है तो उस मसल्स के साथ वापिस क्रिया को दोहरा सकते है|