Merkaba Meditation: ध्यान के माध्यम से अपने भीतर की आत्मा से जुड़े

ध्यान के बारे में तो कई लोग जानते है लेकिन मेरकाबा ध्यान के बारे में बहुत कम लोगो ने सुना है। मेरकाबा शब्द तीन शब्दों के मेल से बना है: मेर, का और बा। मेर एक प्रकार की रोशनी को दर्शाता है जो अपने भीतर ही गुमटी है. का शब्द का मतलब आत्मा से है। बा भौतिक शरीर को दर्शाता करता है|

शब्द मेरकाबा में कई अन्य उच्चारण हैं, जैसे मेरकाबह, मेरकवा तथा मेरकवाह| मेरकाबा ध्यान आपको ऐसी अवस्था में लाता है जिसमे आप अपने आस पास की सारी ऊर्जा से अवगत हो सकते है|

यह आपको सांसो पर नियंत्रण रखने के अलग अलग तरीके और अंग-विन्यास सीखने में सहायता करता है। मेरकाबा ध्यान आपको आराम देने, आपको तरोताजा करने, तथा आपके समग्र स्वास्थ्य में सुधार करने में सहायता करता है।

यह एक माध्यम के रूप में कार्य करता है और आपको उस स्थिति में ले जाता है जिसे आपने पहले अनुभव नहीं किया होगा। यह आपके दिल को तो प्रभावित करता ही है, साथ ही साथ इससे आपकी आत्मा भी प्रभावित होती है| आइये नीचे हम Merkaba Meditation के बारे में विस्तार से जानते है|

Merkaba Meditation: इसे कैसे करते है और इसके फायदे है

Merkaba Meditation

मेरकाबा ध्यान कैसे करे

पहले आसन पर बैठ जाए फिर अपने हाथो की पहली उंगली और अंगूठे को एक साथ मिलाये|  ऐसा दोनों हांथो से करे। इसके बाद हथेलियों को ऊपर की और उठाये साथ ही सांसो को बाहर छोड़े|

इसके पश्चात एक लाल प्रकाश की कल्पना करो, मूल चक्र को खोलें और सांसो को होल्ड करे| साथ ही आँखों का कम्पन जारी रखे|

अब हाथ के अंगूठे को दूसरी अंगुली से मिलाये। सांसो को अंदर की तरफ ले फिर कुछ समय के लिए अपनी सांसो को होल्ड करे उसके बाद साँस को बाहर छोड़ दे। अब नारंगी प्रकाश की कल्पना करे। साथ ही आँखों को नीचे की तरफ रखे। इसके बाद पुनः अंगुलियां बदल दे|

अब हाथ के अंगूठे और तीसरी अँगुलियों को साथ में पकडे। फिर पिले प्रकाश की कल्पना करे।  पुनः सांसो को अंदर की तरफ ले फिर कुछ समय के लिए अपनी सांसो को होल्ड करे उसके बाद साँस को बाहर छोड़ दे।

इसके उपरांत हाथ के अंगूठे और चौथी अंगुली को साथ में पकडे। अब हरे प्रकाश की कल्पना करे। फिर वही प्रक्रिया को दोहराये जैसे सांसो को अंदर, कुछ समय के लिए अपनी सांसो को होल्ड करे उसके बाद सांस को बाहर छोड़ दे।

फिर से हाथ के अंगूठे और पहली अंगुली को साथ में पकडे। अब नीले प्रकाश की कल्पना करे और कंठ चक्र को खोले। फिर वही प्रक्रिया को दोहराये जैसे सांसो को अंदर की तरफ ले फिर कुछ समय के लिए अपनी सांसो को होल्ड करे उसके बाद साँस को बाहर छोड़ दे।

फिर से हाथ के अंगूठे और दूसरी अंगुली को साथ में पकडे। अब इंडिगो प्रकाश की कल्पना करे और भोह चक्र को खोले । फिर वही सांसो की प्रक्रिया को दोहराये। आँखों को नीचे की तरफ रखे। इसके बाद पुनः अंगुलियां बदल दे|

फिर से हाथ के अंगूठे और तीसरी अंगुली को साथ में पकडे। अब बैंगनी प्रकाश की कल्पना करे। कल्पना करे की मुकुट चक्र खुल रहा है| सांसो को अंदर की तरफ ले फिर कुछ समय के लिए अपनी सांसो को होल्ड करे उसके बाद साँस को बाहर छोड़ दे।

गहरी साँस ले। लयबद्ध तरीके से साँस लें। अपने आस पास प्रेम भाव को महसूस करे। आप जो ध्यान करते है उसके साथ इसे जारी रखे|

मेरकाबा ध्यान के फायदे

  • यह आपके पूरे स्वास्थ्य को सुधारता है|
  • यह कुंडलिनी शक्ति को जल्द जगाने का सबसे अच्छा तरीका है|
  • मेरकाबा ध्यान चक्र और नाड़ी को प्यूरीफाई और संतुलित करने का अच्छा तरीका है|
  • इससे आप अपनी भावनाओ पर अच्छी तरह काबू पाते है|

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