योगासन करें और जोड़ों के दर्द से मुक्ति पाएं

Go to the profile of  Yogkala Hindi
Yogkala Hindi
1 min read
योगासन करें और जोड़ों के दर्द से मुक्ति पाएं

अपने दैनिक जीवन में कामकाज के दौरान आपके घुटनों, कंधो, कलाई या अन्य शरीर के जोड़ों में दर्द होता है| बढ़ती उम्र के साथ शरीर के जोड़ो में दर्द होना एक सामान्य सी परेशानी है जो आमतौर पर 10 में से हर 8वे व्यक्ति को होती है, लेकिन अब यह समस्या कम वायु वाले व्यक्तियों में भी होने लगी है|

अनियमित खानपान और शरीर का ठीक तरह से ध्यान रखने की वजह से भी ऐसा देखा गया है| आजकल व्यक्ति के पास अपने लिए समय नही रहा वह केवल अपने व्यवसाय और अन्य कार्यो में इतना व्यस्त रहता है कि शरीर के छोटे-मोटे दर्द को ध्यान नहीं देता है जो समय बीतने पर तकलीफ दायक साबित हो जाते है|

अगर आप भी अपने जोड़ो के दर्द के कारण अपनी इच्छानुसार जीवन व्यतीत नहीं कर पा रहे है और इस दर्द को दूर करने के लिए दर्द निवारक दवाओ का इस्तेमाल कर रहे है| तो घबराये नहीं बढ़ती उम्र के साथ शरीर में जोड़ो के दर्द की संभावनाएं बढ़ने लगती है| शरीर में हड्डियों का कमजोर होना, उचित व्यायाम और भोजन में पोषक तत्वों का अभाव से जोड़ो के रोग बढ़ने लगते है|

योग के नियमित अभ्यास से आज इस समस्या से मुक्ति सकते है, तो आइये जानते है Yoga for Joint Pain in Hindi को करने की विधि |

Yoga for Joint Pain in Hindi: जानिए योगासन विधि

Yoga for joint pain in hindi

जोड़ों का दर्द दूर करने के लिए हम दवाओ का इस्तेमाल करते है जिनसे हमे सामयिक लाभ तो मिलता है लेकिन अत्यधिक दवा का उपयोग हमारे शरीर पर बुरा प्रभाव डालता है। इसका प्रामाणिक उपचार है योग, जिनके अभ्यास से जोड़ो के दर्द से तो मुक्ति मिलती है ही साथ ही अन्य शारीरिक लाभ भी होते है| योग एक प्राचीनतम भारतीय चिकित्सा है जो शरीर से दर्द को उखाड़कर रोगमुक्त करता है| आइये जानते है Yoga for Joint Pain -

वीर भद्रासन

वीरभद्र एक शक्तिशाली योद्धा थे उन्ही के नाम पर इस आसन यह नाम दिया गया है| वह भगवान शिव के अवतार थे| इस आसन को करने से शरीर को शक्ति मिलती है| यदि आप अत्यधित वजन तथा कमर, जांघ आदि में बढ़ रही चर्बी से परेशान है तो यह योग आपके लिए बेहतर उपाय है इन सब समस्याओ से उभरने का|

विधि

  1. सबसे पहले दोनों पैरों के बीच 3 से 4 फ़ीट का अंतर रखकर सीधे खड़े हो जाएं|
  2. अब अपने दायें घुटने को मोड़े ताकि आप धक्का मारने की स्थिति में नजर आएं| अपने धड़ को मुड़े हुए दाए पैर की और मोड़े|
  3. अब अपने हाथो को कंधे के बराबर सीधा करें ध्यान हथेलियां आसमान की ओर खुली रहें|
  4. इस अवस्था में आपकी छाती पूरी खुली हुई होना चाहिए, अब धीरे-धीरे अपनी हथेलियों को सिर के ऊपर ले जाकर नमस्कार की मुद्रा बना लें|
  5. कुछ समय इस अवस्था में रहें और पुनः इस क्रिया को दोहराएं|

धनुरासन

इस आसान को करते समय शरीर की आकृति धनुष के सामान नजर आती है इसलिए इसे धनुरासन कहा जाता है| यह रीड की हड्डी, घुटनों और पैरों के लिए बहुत ही लाभदायक आसन है|

विधि

  1. समतल जमीन पर चटाई बिछाकर पेट के बल लेट जाएं और थोड़ी को जमीन से लगाकर रखे|
  2. अब पैरों को घुटने से मोड़े और पंजो को हाथो से पकड़ने का प्रयास करें|
  3. फिर साँस भरते हुए और बाजुओं को सीधे रखते हुए, सिर, कंधे और छाती को ऊपर उठाएं |
  4. इस स्थिति में साँस सामान्य रखें और कुछ सेकंड के बाद साँस छोड़ते हुए पहले छाती, कंधे और ठुड्डी को धीरे-धीरे जमीन की ओर लाएं |
  5. अब पंजों को छोडदे और कुछ समय आराम करें| इस आसन को 3 से 4 बार दोहराएं |
आप यह भी पढ़ सकते है:- रोज मयूरासन करें – पेट रोग और अन्य अंगों की बीमारियों से बचें

सेतुबंध आसन

सेतुबंध आसन जैसा की इसके नाम से ही प्रतीत होता है सेतु अर्थात पूल, इस मुद्रा को करते समय शरीर पूल के समान दिखाई देता है इसलिए इसे सेतुबंध आसन कहा जाता है| अगर आप कमर या गर्दन के दर्द से पीड़ित हैतो यह आसन आपके लिए बहुत हितकारी साबित होगा|

विधि

  1. सबसे पहले समतल जमीन पर पीठ के बल लेट जाएं और हाथो को शरीर के बगल में रखें, और हथेलियों को जमीन से चिपका कर रखें|
  2. अब दोनों घुटनों को मोड़े और तलवो को जमीन से लगा कर रखें|
  3. फिर साँस लेते हुए कमर को ऊपर उठाने की कोशिश करें, प्रयास करें कि आपकी थोड़ी छाती को छुए|
  4. इस दौरान कोहनियों को मोड़ कर, कमर के नीचे हथेलियों को रखकर सपोर्ट दें|
  5. कुछ समय बाद कमर को नीचे कर लें और सामान्य अवस्था में आ जाएं|

Yoga for Joint Pain in Hindi के नियमित अभ्यास से शरीर के सभी जोड़ों में राहत मिलती है| यह योग इन् पर वसा नहीं जमने देता है|